अनिवार्य- हिंदी
कवि एवं लेखक परिचय
1 हरिवंश राय बच्चन:-
हरिवंश राय बच्चन आधुनिक हिंदी साहित्य के हालावाद प्रवर्तक
जन्म :- सन् 1907 ई. इलाहाबाद मे हुआ। इनके पिताजी का नाम प्रतापनारायाण और माता का नाम सरस्वती देवी था
शिक्षा :- उन्होंने इलाहाबाद विश्व विद्यालय से स्नातक और स्नातकोतर परीक्षा उत्तीर्ण की तथा कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय से पीएचडी की उपाधि प्राप्त की।
पद :-- वे इलाहाबाद विश्व विद्यालय के प्राध्यापक भी रहे,
तथा विदेश मंत्रालय में हिंदी विशेषज्ञ भी रहे ।
पुरुस्कार :--- सन् 1966 मे राजयसभा के लिए राष्ट्रपति द्वारा नामित हुए । इसी वर्ष सन् 1966 मे "सोवियत भूमि नेहरू पुरस्कार"
सन् 1969 मे 'दो चट्टानें' के लिए हिंदी साहित्य अकादमी पुरस्कार , सन् 1992 मे पद्मभूषण पुरस्कार द्वारा सम्मानित हुए।
कृतियां :-- मधुशाला, मधुबाला, मधुकलश, निश-निमंत्रण, आरती और अंगारे, क्या भूलूं क्या याद करूं, (आत्मकथा) आदि।
बच्चन जी की पूरी वांग्बमय "च्चन ग्रंथावली" में प्रकाशित हुई है।
अध्याय
आत्म परिचय
विशेष:-- (i) खड़ी बोली हिंदी भाषा का प्रचुर प्रयोग किया है।
(ii) तत्सम शब्दों का उपयोग
(iii) कोमलकान्त शब्दावली और प्रसाद गुण का प्रयोग
2. आलोक धन्वा:---
जन्म:--- 1948 ई. मे मुंगेर {बिहार}
इन्होने अल्पआयु मे हि लेखन कार्य शुरू कर दिया था जिससे इनको बहुत प्रसिद्धि प्राप्त हुई ।
प्रमुख रचनाए:--- 1972--73 मे प्रकाशित इनकी हिंदी कि आरम्भिक कविताओं ने हिंदी के गंभीर काव्य-प्रेमियो को प्रभावित किया ।
इतनी अल्पआयु मे प्रसिद्धि मलने पर भी इन्होने थोक के भाव लेखन नहीं किया।
इनकी पहेली कविता "जनता का आदमी" 1972 मे प्रकाशित हुई जिससे उनको बहुत प्रसिद्धि मिली , उसके बाद "भागी हुई लडकियां "," ब्रुनो कि बेटियां " से भी बहुत प्रसिद्धि प्राप्त की।
उनका एक मात्र काव्य-संग्रह " दुनिया रोज़ बनती है " ।
पुरुस्कार:--- राहुल सम्मान , बिहार राष्ट्रभाषा परिषद् का साहित्य सम्मान, पहल सम्मान।
पतंग
विशेष:-- (i) खड़ी बोली,
(ii) दृश्य बिम्ब
(iii) मानवीकरण ।
3. कुॅंवर नारायण
जन्म:--- 19 सितम्बर 1927 {उत्तर प्रदेश}
प्रमुख रचनाए:---
काव्य--संग्रह:--- चक्रव्यूह, परिवेश:हम तुम, अपने सामने, कोई दूसरा नहीं, इन दिनों ।
कहानी--संग्रह:--- आकारो के आस- पास ।
प्रमुख पुरुस्कार:--- साहित्य अकादमी पुरस्कार, ज्ञानपीठ पुरस्कार, प्रेमचन्द पुरुस्कार, लोहिया सम्मान आदि।
कविता के बहाने
विशेष:-- (i) प्रश्न अलंकार
(ii) खड़ी बोली
(iii) भाषा सहज सरल और अर्थपूर्ण
(iv) शांत रस व मुक्त छ्न्द
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